पर्यावरण पर कविता | Hindi Poetry on Environment Day
चलो
आज हम सब मिलकर
एक नया पेड़ लगा
लेते है
बेरंग
पड़ी इस दुनिया को
हरे भरे रंगों से
आज सजा लेते है
हो जाये हरयाली हर
जगह ये संकल्प आज
हम सबको लेना है
बंजर
पड़ी ज़मीन को पेड़
लगाकर अपना आने वाला
कल आज ही खुशहाल
हम बना लेते है
पेड़
प्रदूषण का अंत कर
देते है
पेड़
हवा में ताज़गी का
एहसास पूरे विश्व को
करवा देते है
मत काटो इन पेड़ों
को तुम आज अपने
स्वार्थ के लिए
ना जाने क्यों जान
कर भी ऐसी बड़ी
भूल अपनी ज़िंदगी में
हम कर लेते है
चलो
आज हम सब मिलकर
एक नया पेड़ लगा
लेते है ||
पेड़
के पत्ते हमें धूप से
बचा लेते है
पेड़
अपनी उपस्थिति मात्र से ही हवा
में नई उमंग सी
भर देते है
पेड़
सिखलाते है के कैसे
पर्यावरण के आने वाले
संकट से इस दुनियां
को बचाना है
इन्हीं
पेड़ो में ही जाने
कितने पशु पक्षि अपने
घर का आशिया बना
लेते है
चलो
आज हम सब मिलकर
एक नया पेड़ लगा
लेते है ||
पेड़
पर लगें फल मुसाफिरों
की भूख मिटा देते
है
पेड़
द्वारा बनाई गई दवाइयां
और औषधि इंसान को
रोग मुक्त बना देते है
बिना
किसी लालच के पेड़
निरंतर मनुष्य और समाज की
सेवा में जुटा रहते
है
चलो
आज हम भी इन्हीं
पेड़ो से सबक ले
कर थोड़ी इंसानियत दिखा
लेते है
Comments
Post a Comment